रहस्यमयी मौत का मामला
15 अगस्त को इंद्रपुरी रोड नंबर 12 में गणेश कुमार के 7 वर्षीय बेटी लक्ष्मी और 5 वर्षीय बेटे दीपक के शव एक पुरानी कार में मिले थे। बच्चे दोपहर में ट्यूशन पढ़ने निकले थे, लेकिन शाम तक घर नहीं लौटे। परिजनों ने स्थानीय मदद से तलाश की, तो कार घर से 200 मीटर दूर एक प्लॉट में खड़ी मिली। मृतकों की मां किरण देवी ने ट्यूशन टीचर ममता पर हत्या का आरोप लगाया, दावा किया कि बच्चों के गले और हाथों पर चोट के निशान थे। पुलिस ने पाटलिपुत्र थाने में मामला दर्ज किया, टीचर से पूछताछ की, और सीसीटीवी फुटेज खंगाले। शुरुआती जांच में दम घुटने से मौत की बात कही गई, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में जलाने के निशान मिले।
प्रदर्शन का उग्र रूप
सोमवार शाम परिजनों ने फिर प्रदर्शन किया। 4 दिन पहले भी अटल पथ जाम हुआ था, लेकिन आज भीड़ उग्र हो गई। लोगों ने टायर जलाकर रोड ब्लॉक किया, एक स्कॉर्पियो और बाइकों में आग लगाई। एक वीआईपी गाड़ी और पुलिस वाहनों पर हमला हुआ, शीशे तोड़े गए। एसएसपी कार्तिकेय शर्मा ने कहा, कई पुलिसकर्मी घायल हैं, उन्हें अस्पताल भेजा गया। जांच निष्पक्ष है, डॉक्टरों की रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि नहीं हुई। दोषियों को सजा मिलेगी। परिजनों का कहना है कि पुलिस आरोपी को बचा रही है।
पुलिस का एक्शन और तनाव
हालात बिगड़ने पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। प्रदर्शनकारियों ने राहगीरों से बदतमीजी की। एसपी सिटी दीक्षा ने बताया, शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे गए। जांच जारी है। परिजनों ने न्याय की मांग की, कहा कि बच्चों को जलाकर मार दिया गया। यह घटना पटना में कानून-व्यवस्था पर सवाल उठा रही है।