सईदा का बयान मानवता के नाम पर गुमराह करने वाला
किरेन रिजिजू ने कहा कि सईदा सैईदेन हमीद का बयान मानवता के नाम पर गुमराह करने वाला है। यह हमारी जमीन और पहचान का सवाल है। बांग्लादेश और पाकिस्तान में अल्पसंख्यक बौद्धों, ईसाइयों, हिंदुओं और सिखों को क्यों सताया और प्रताड़ित किया जाता है? सईदा हमीद, सोनिया गांधी और राहुल गांधी की सबसे करीबी हो सकती हैं, लेकिन उन्हें अवैध प्रवासियों का समर्थन नहीं करना चाहिए।गिरिराज सिंह ने भी बोला हमला
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने कहा कि मैं मैडम से पूछना चाहता हूं कि जब आप सदस्य थीं, तब आपने इंदिरा गांधी या सोनिया गांधी से यह बात क्यों नहीं कही? या कम से कम मनमोहन सिंह सरकार के दौरान, आपने उनसे सभी बांग्लादेशियों को नागरिकता देने के लिए क्यों नहीं कहा? गिरिराज सिंह ने कहा कि हमीद का बयान गजवा ए हिंद का आह्वान जैसा लगता है। जिसे भारतीय नागरिक कभी स्वीकार्य नहीं करेंगे।असम सरकार मुसलमानों पर जुल्म कर रही
उन्होंने आगे कहा कि अल्लाह ने यह धरती इंसानों के लिए बनाई है, शैतानों के लिए नहीं। अगर कोई इंसान धरती पर खड़ा है, तो उसे बेदखल करना मुसलमानों के लिए कयामत है। उन्होंने असम सरकार पर मुसलमानों को बांग्लादेशी बताकर उन पर कयामत लाने का आरोप लगाया और दावा किया कि अवैध प्रवासियों द्वारा भारतीय नागरिकों को उनके अधिकारों से वंचित करने का तर्क ‘बेहद शरारती और मानवता के लिए हानिकारक’ है।घुसपैठियों का मुद्दा असम, बिहार और बंगाल के लिए अहम
बता दें कि बिहार, पश्चिम बंगाल और असम में घुसपैठियों का मुद्दा संवेदनशील रहा है। बीजेपी लगातार घुसपैठियों का मुद्दा उठाते रही है। वह बांग्लादेश से सटे जिलों में एक बड़े वर्ग की आबादी को लेकर सवाल खड़े करती रही है। हाल के महीनों में370 से अधिक बांग्लादेशी घुसपैठियों को पकड़कर वापस भेजा गया है। जुलाई 2025 में श्रीभूमि जिले से 20 और दिसंबर 2024 में 16 घुसपैठियों को बांग्लादेश प्रत्यर्पित किया गया।